Thursday, 28 September 2017

पंचतंत्र की कहानी - चुहिया बनी दुल्हन


गंगा नदी के तट पर एक साधू अपनी पत्नी के साथ रहते थे। उनकी कोई संतान नहीं थी। एक दिन साधू जब तप कर रहे थे, एक बाज वहां से गुजर रहा था और उसके पंजे में एक चुहिया फंसी हुई थी। जब बाज़ साधू के ऊपर से गुज़रा तो वह चुहिया उसके पंजो से छुटकर नीचे साधू की गोद में गिरी जिससे साधू की आँख खुल गई। घायल चुहिया को देखकर साधू को बहुत दया आयी। साधू ने मंत्र पढ़कर चुहिया को एक बच्ची का रूप दिया और अपनी पत्नी को सौंप दिया। वह पत्नी को बच्ची सौंपते हुए बोले,"प्रिय हमारी कोई संतान नहीं है। मैं जानता हूँ तुम संतान सुख चाहती हो।आज से इसे ही अपनी संतान समझो।" साधू की पत्नी बच्ची को पाकर बहुत खुश हुई।

कई साल बीत गए और वह बच्ची बड़ी होकर एक सुन्दर युवती में तब्दील हो गई। अब साधू अपनी बेटी के लिए उपयुक्त वर ढूंढने लगे। साधू अपनी बेटी का हाथ किसी साधारण मनुष्य के हाथ में नहीं देना चाहते थे। साधू ने सूर्य देव का ध्यान करके सूर्य देव को बुलाया। अगले ही पल सूर्य देव प्रकट हो गए। साधू बोले, "बेटी, ये सूर्य देव हैं। क्या तुम इनसे विवाह करना पसंद करोगी?" लड़की ने जवाब दिया, "नहीं पिताजी! ये बहुत गर्म हैं। मैं इनसे विवाह नहीं कर सकती। इनके साथ तो मेरा रहना मुश्किल हो जाएगा।"

फिर साधू ने वरुण देव को बुलाया और कहा, "बेटी, ये वरुण देव हैं। क्या तुम इनसे विवाह करोगी?" बच्ची ने फिर उतर दिया, "नहीं पिताजी! इनसे भी मैं विवाह नहीं करूंगी। ये बहुत ठन्डे हैं।" साधू ने फिर पवन देव का मंत्र पढ़ा और उन्हें आने का निमंत्रण दिया। पवन देव के आने के बाद साधू ने लड़की से फिरसे विवाह का प्रश्न किया। लड़की ने उनसे भी विवाह करने से मना कर दिया। जवाब सुनकर पवन देव हंसने लगे और साधु से कहा, "आपको पर्वत देवता के पास जाना चाहिए।"

पर्वत देवता के पास जा कर भी लड़की ने उनसे विवाह करने से भी मना कर दिया और यह कहा की वह बहुत कठोर हैं। साधू ने पर्वत देवता से पुछा, "आप ही बताइए कि अब क्या किया जाये?" पर्वत देवता ने कहा, "आप एक चूहे से इस कन्या का विवाह करें। उसमे इतनी क्षमता है कि वह मुझे भी खोकला कर दे।" साधू ने तुरंत ही चूहे को निमंत्रण दिया। चूहा प्रकट हुआ और फिर साधू की बेटी उसे देखकर खुश हो गयी। वह साधु से बोली,"पिताजी, मुझे ये वर पसंद है। आप मेरा विवाह इससे ही करें।" और फिर साधू ने अपनी बेटी को एक चुहिया में बदल दिया और उसका विवाह उस चूहे के साथ किया।

सारांश- किसी के स्वरूप को बदलना आसान नहीं होता।


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Thursday, 21 September 2017

प्लेंटीमोन - चींटिया और डाउनडिंग की जुगलबंदी


जोम्बी टिम्बकटू के राज कुमार को खबर देता है कि सेल सिटी के मेजेस्टी खरगोश बन गए हैं। राजकुमार जवाब देता है की प्रिंसेस को सेल सिटी की सारी पॉवर मिल चुकी है। उसके लिए जोम्बी उससे माफ़ी मांगता है। वहां पर पेंटर राजकुमार की गलत तस्वीर बनाता है जो राजकुमार को पसंद नहीं आती है और राजकुमार उस पेंटर को सजा देता है। राजकुमार कहता है सेल सिटी उसका जूनून है। अगर ऐसा नहीं हुआ तो अंजाम तुम जानते हो। जोम्बी राजकुमार की बातें सुनकर डर जाता है।

दूसरी तरफ प्लेंटीमोन और प्रिंसेस दोनों अपने साथी ब्रूस,चींटिया,लोला और डाउनडिंग के साथ पार्क में थककर बैठ जाता हैं। ब्रूस और चींटिया के बीच लड़ाई होती है और लोला और प्रिंसेस उन पर चिल्लाते हैं। डाउनडिंग लोला को कहता है कि पेड़ पर रंग-बिरंगे फूल और फल लग रहे हैं। यह फल खाने में बहुत ही स्वादिष्ट हैं। चींटिया लोला को सावधान करते हुए बोलता है की डाउनडिंग तुम्हे भड़का रहा है। वह पेड़ इंसानों को खा जाते हैं।

डाउनडिंग कहता है की वह झूठ नहीं बोल रहा है। दोनों में इसी बात पर लड़ाई हो जाती है। प्रिंसेस दोनों को डांटती है कि लोला तुममे से किसी की नहीं सुनेगी। दूसरी तरफ चांडाल चौकड़ी प्रिंसेस को खत्म करने की योजना बना रहे होते हैं। तभी एक मधुमक्खी के छत्ते से डिंगडोंग को भागना पड़ता है। प्लेंटीमोन और प्रिंसेस भी उसके पीछे-पीछे भागते हैं।

प्लेंटीमोन सोचता है की क्या वह बेकार में तो नहीं भागे? जोम्बी ग्राइडिंग ग्रम्ब्ल के पास आकर कहता है की तुम्हे मिशन तो याद हैं ना? ग्रम्ब्ल कहता है, प्रिंसेस को रोकना है, प्रिंसेस को रोकना है, प्रिंसेस को खत्म करना है। प्रिंसेस कहती है की अचानक से ये तूफ़ान कैसे आ गया? प्लेंटीमोन सबसे छुपने के लिए कहता है। तभी उन्हें एक मकान दिखाई देता है और वह एक उसमें चुप जाते हैं। वहां एक आदमी उन्हें अपने घर में ले जाता है, खाना खिलाता है। तभी प्रिंसेस उस आदमी से कहती है की उन्हें कैसे पता चल जाता है कि तूफ़ान आने वाला है?

वह आदमी जवाब देता है की शायद आप सब यहाँ नए हैं इसलिए आपको इस जगह के बारे में नहीं पता। हम लोग तो पहले से ही जानते हैं और अन्दर रहते हैं|, ब्रूस कहता है कि तुम बहुत लकी हो जो मेजेस्टी की प्रिंसेस तुम्हारे घर में आई है| वह आदमी कहता है ये मेरी खुशनसीबी है जो सेल सिटी की प्रिंसेस मेरे घर आई हैं। कुछ दिन पहले विंड गार्ड वाले ग्राइडिंग ग्रम्बल विंड मिल को कंट्रोल करता था, लेकिन अब वह हरिकेन बनाने लगा है।

प्रिंसेस उससे ग्राइडिंग गृम्ब्ल का पता पूछती है और कहती है ये बताओ कि हमें ग्राइडिंग ग्रम्बल मिलेगा कहा? इस बात पर बाह आदमी बताता है कि तुम्हे शहर के पीछे कि छोटी वैली में मिलेगा। विंड कैनल जितना फ़ास्ट होगा हरिकेन उतना ही स्ट्रोंग होगाव्। प्लेंटीमोन और प्रिंसेस वहां से निकल जाते हैं और फिर वहीं डिंगडोंग और डिंगडिंग भी उनके पीछे-पीछे तूफ़ान में निकल जाते हैं। उन पर हमला करने की योजना बनाते हैं, इसके लिए वह शॉर्टकट का इस्तेमाल करते है। उनके रास्ते में नेट बिछा देता है जिसमे डाउनडिंग और डिंगडोंग दोनों फंस जाते हैं। साथ में प्लेंटीमोन और प्रिंसेस भी फंस जाते हैं।

डिंगडिंग डिंगडोंग कहता है ये क्या किया तुमने? डिंगडोंग जवाब देता है की मैं तो भूल ही गया था। गलती से मैंने दो नेट बिछा दी थी। फिर चींटिया उनसे कहता है कि वह उन्हें बचा लेगा और वह प्लेंटीमोन, प्रिंसेस, लोला और ब्रूस को छुडाने की कोशिश करता है और फिर डाउनडिंग भी कहता है मुझे ट्राई करने दो लेकिन दोनों में लड़ाई हो जाती फिर प्रिंसेस उन्हें रोकते हुए कहती है लड़ना बंद करो और हमें नीचे उतारो।

प्लेंटीमोन और प्रिंसेस वहां पहुच जाते है और फिर प्लेंटीमोन कहता है की क्या यही विंड टायर है? जवाब में ब्रूस कहता है सेल सिटी में हवा का बैलेंस बनाने के लिए ग्राइंडिंग ग्रम्बल  इसी का इस्तमाल करता है जो चारो दिशाओं में एक जैसी ही हवा भेजता है। प्लेंटीमोन ग्राइंडिंग ग्रम्ब्ल को देखकर कहता है क्या यही है ग्राइंडिंग ग्रम्ब्ल? प्रिंसेस बोलती है की तूफ़ान बनाने के लिए इसे रात दिन काम करना पड़ता है। ब्रूस बताता है पहले हवा कि सप्लाई धीमी थी लेकिन अब इसे तेज करके ग्राइडिंग ग्रम्बल   तूफ़ान बना रहा है जो आस-पास के गाँव में तबाही मचाएगा और आगे बढ़के सेल सिटी को भी नुक्सान पहुंचाएगा।

प्रिंसेस ग्राइडिंग ग्रम्ब्ल के पास जाकर उसे रोकने के लिए कहती है। वह उससे पूछता है तुम कौन हो? प्रिंसेस के बताने पर कि वह सिटी ऑफ़ सेल की प्रिंसेस है और प्रिंसेस का हुक्म है तुम रुक जाओ। प्रिंसेस के अपना परिचय देने पर ग्राइडिंग ग्रम्बल  उस पर हमला करता है और कहता है प्रिंसेस को रोकना है तो उसे खत्म करना है। प्लेंटीमोन प्रिंसेस को उसके लाइन ऑफ़ गॉड की तरफ इशारा करता है। प्रिंसेस उस पर हमला करती है लेकिन उसके पहले ही वह सब जगह बदबू फैला देता है। प्लेंटीमोन उस पर अटैक करता है लेकिन ग्राइडिंग सबको फिर से हमला कर धकेल देता है।

डाउनडिंग आकर प्लेंटीमोन से कहता है तुम ही सबकी ताकत हो अगर तुम ही हार मान लोगे तो ठीक नहीं होगा। प्लेंटीमोन डाउनडिंग की मदद से ग्राइंडिंग से लड़ता है इसी बीच चींटिया और डाउनडिंग के बीच लड़ाई हो जाती है और प्लेंटीमोन कहता है तुम लोग ध्यान से सुनना अगर हम यु ही लड़ते रहे तो ग्राइडिंग ग्रम्बल को कभी भी नहीं हरा पाओगे। हमें एक होना पड़ेगा। 

ग्राइंडिंग ग्रम्ब्ल पर सभी मिलकर अटैक करते हैं और फिर चींटिया उसके हमले से बेहोश हो जाता है। ग्राडिंग ग्रम्ब्ल उस पर हमला करने वाला होता है कि तभी डाउनडिंग अपनी शक्ति से चींटिया को बचा लेता है और फिर उन दोनों में फिर से एक-दुसरे को लेकर लड़ाई छिड जाती है। तभी लोला आसमान की तरफ इशारा करती है और कहती है वह देखो क्या है? जोम्बी उन पर अटैक करता है कि तभी ब्रूस सबको बताता है वह विंड मिल को हथिया कर उससे सेल सिटी में बर्बादी लाना चाहता है और उसे तोड़कर बिखेरना चाहता है। हमारी सेल सिटी खतरे में है। प्लेंटीमोन कहता है हमें जल्द से जल्द कुछ करना पड़ेगा।


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Sunday, 17 September 2017

पंचतंत्र की कहानी - बन गया शेर


बहुत समय पहले की बात है। एक आश्रम में चार मित्र ऋषि से विभिन्न तरह कि विद्या प्राप्त कर रहे थे | ऋषि ने उन चारों को कई तरह के यज्ञों को सम्पन्न करने का ज्ञान दिया। जब उन चारों की शिक्षा समाप्त हुई तो वे अपने घर जाने के लिए ऋषि से आज्ञा लेने जाते हैं। ऋषि उन चारों को बोलते हैं, "मुझे तुम्हे जो सिखाना था, वो मैंने सिखा दिया। अब तुम अपने विवेक से अपनी विद्या का इस्तेमाल करना।" ऋषि से आशीर्वाद लेकर वो चारों अपने गाँव के लिए रवाना होते हैं। 

रास्ते में वह एक घने जंगल से गुजरते हैं। वहां उन्हें एक शेर का कंकाल नजर आता है। उन चारों में से एक मित्र बोलता है, “मित्रो, मैंने जो ज्ञान गुरूजी से प्राप्त किया है, उससे इस शेर के कंकाल की हड्डियों को मैं एक कर सकता हूँ।"  इससे पहले कि कोई कुछ कह पाता, वह मंत्र पढ़कर उस कंकाल को एक कर देता है। यह देखकर बाकी तीनो मित्र हैरानी से एक-दुसरे को देखते हैं और खुश होते हैं।

दूसरा मित्र भी बोल पड़ता है, "मित्रो, मुझे एक ऐसा मंत्र आता है जिससे मैं इस कंकाल के अंगो का निर्माण कर सकता हूँ।" यह बोलते ही वह एक मंत्र पढता है और पलक झपकते ही शेर के सारे अंगो का निर्माण हो जाता है। यह देखते ही तीसरा मित्र कहता है, "मित्रो, मैं भी एक ऐसा मंत्र जानता हूँ जिससे इसमें प्राण फूंके जा सकते हैं।" ये बात सुनते ही चौथा मित्र बोलता है, "मित्रो, ऐसा कदापि मत करना। अगर तुमने इस शेर को जीवित कर दिया तो ये शेर हम सबको मार कर खा जाएगा।"

चौथे मित्र की यह बात सुनकर बाकी तीनो मित्र हंसने लगते हैं। उन तीनो में से एक मित्र बोलता है, "यह कायर है। इसे ना तो विद्या आती है और ना ही ये हिम्मत रखता है।" चौथा मित्र फिर से उन तीनों को चेताता है, "मित्रो, अगर तुम्हे मेरी बात नहीं माननी तो मत मानो। पर कम से कम मुझे पेड़ पर तो चढ़ने दो।"

इतना बोलते ही वह पेड़ पर चढ़ जाता है। तीसरा मित्र मंत्र पढना शुरू करता है। जैसे ही मंत्र खत्म होता है, शेर जीवित हो जाता है। तुरंत ही वह उन तीनो पर दौड़ता है और उन्हें मारकर खा लेता है। उन्हें खाने के बाद वह चला जाता है उसके जाते ही चौथा दोस्त पेड़ से उतरता है और कहता है, "काश तुमने मेरी बात मान ली होती।" फिर वह अकेला ही अपने घर की ओर चल पड़ता है।

सारांश - “हमें कभी भी अपने ज्ञान का गलत इस्तेमाल नहीं करना चाहिए!!”


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Thursday, 14 September 2017

प्लेंटीमोन - रोक सको तो रोक लो


ज़ोंबी प्लेंटीमोन और उसके साथियों का पीछा करता हुआ वहां जाता है, जहां वो हवा-हवाई माता से मिलते हैं। प्लेंटीमोन अपने साथियों के साथ हवा-हवाई माता के घर पहुच जाते हैं। वहां पर चाऊमीन जो हवा-हवाई माता का रक्षक है के पूछने पर कि वो लोग यहाँ क्यों आए हैं? प्रिंसेस उस पर गुस्सा होती है। फिर प्रिंसेस के ऐसा बर्ताव देखकर चाऊमीन, प्लेंटीमोन और उसके साथियो को बंधक बना लेता है।

तभी हवाहवाई माता आती है और वो चाऊमीन को रोकती हैं, जिसे सुनकर ब्रूस उनके पीछे जाकर उन्हें नमस्कार करके अपना परिचय देता हैं। लेकिन हवाहवाई माता उसकी पूरी बात सुने बगैर उसे जाने के लिए कहती है। जिसे सुनकर प्लेंटीमोन और उसके साथी ताज्जुब में पड़ जाते हैं।
   
ब्रूस उन्हें रोते हुए बताता है की किस तरह से जितने भी सैल सिटी के ज़ोंबी रक्षक थे वो सब इविल फोर्सेज के काबू में आकर सैल सिटी को बर्बाद करने पर तुले हुए हैं और सैल सिटी के महाराज भी खरगोश बन चुके हैं। प्लेंटीमोन और उसके साथियों के पूछने पर कि ज़ोंबी को कैसे हराया जाए? हवाहवाई माता उन्हें कहती हैं कि वो सब ज़ोंबी को नहीं हरा पाएंगे क्योंकि वो कमजोर इस बात पर चिडकर प्रिंसेस हवाहवाई माता को अपनी शक्ति का प्रदर्शन करती है।

जिसे देखकर चाऊमीन उनपर आक्रमण कर देता है फिर हवाहवाई माता उन्हें कहती हैं कि जब तुम चाऊमीन से नहीं लड़ सकते तो ज़ोंबी से क्या लड़ोगे? इसे देखकर प्लेंटीमोन उनसे माफ़ी मांगता हैं और जिसे देखकर हवाहवाई माता खुश हो जाती हैं और उनसे कहती हैं कि तुम्हे ज़ोंबी को हराने के लिए मेरी एक परीक्षा देनी होगी जिसे सुनकर प्लेंटीमोन तैयार हो जाता है।

हवाहवाई माता कहती हैं अगर सच में तुम टेस्ट देना चाहते हो तो चाऊमीन को पकड़कर दिखाओ| फिर चाऊमीन वहां से भाग जाता है तभी हवाहवाई माता कहती हैं कि मैं अगर उनकी जगह होती तो सोचने में इतना वक़्त नहीं लगाती। ये कहते ही प्लेंटीमोन और प्रिंसेस भी एकदुसरे के साथ चाऊमीन को पकड़ने के लिए जाते हैं।

उधर चंडाल चौकड़ी पेड़ से लटके हुए होते हैं और वो प्रिंसेस और प्लेंटीमोन को उनके साथियों के साथ जाते हुए देख लेते हैं। प्रिंसेस और प्लेंटीमोन चाऊमीन को ढूंड रहे होते हैं तो उन्हें चाऊमीन नजर आता हैं। वो दोनों ही अपने अपने साथियो के साथ उसे पकड़ने की कोशिश करते है लेकिन पकड़ नहीं पाते हैं।
इधर ब्रूस हवाहवाई माता के साथ जादुई मिरर में प्लेंटीमोन, प्रिंसेस और चाऊमीन की लड़ाई को देख रहे होते हैं तभी हवाहवाई माता कहती हैं कि अगर वो ज़ोंबी को हराना चाहते हैं तो ये उनके लिए नेट प्रेक्टिस हैं।

प्लेंटीमोन और प्रिंसेस चाऊमीन को पकड़ने में नाकामयाब हो जाते हैं और चाऊमीन उनके सामने से उडनछू होकर एक पेड़ पर जा बैठता हैं वहां पर ज़ोंबी आकर उसे अपने बस में कर लेता है और उसे उन सबको मारने का हुक्म देता है।

वही दूसरी तरफ प्लेंटीमोन और प्रिंसेस का पीछा करते हुए चंडाल चौकड़ी वहां पर आ जाते हैं जहां पर बबली चींटिया को देखकर मोहित हो जाती है कि तभी डिंगडिंग उसे सबको मारने का आदेश देता हैं। लेकिन बबली चाऊमीन पर हमला कर देती हैं| जिसके कारण चाऊमीन असहाए हो जाता है प्लेंटीमोन डाउनडिंग को चाऊमीन के हाथ बाँधने के आदेश देता है और वो चाऊमीन के हाथ बाँध देता है।

प्लेंटीमोन चींटिया को चाऊमीन को ठीक करने का आदेश देता है और फिर चाऊमीन ठीक होकर प्लेंटीमोन और प्रिंसेस को सारी कहानी बता देता है। वो सब मिलकर चाऊमीन को लेकर हवाहवाई माता के पास आते हैं लेकिन हवाहवाई माता और ब्रूस वहां से गायब होते हैं तब वो सब क्रिस्टल बॉल में सब देखते हैं।

उन्हें नजर आता है कि ज़ोंबी ने ब्रूस और हवाहवाई माता को कैद कर लिया है और वो कहता है सिटी ऑफ़ सेल्स पर उसका कब्ज़ा होगा प्लेंटीमोन चाऊमीन से वादा करता है कि वो हवाहवाई माता को जल्दी ही लेकर आएगा और फिर जब वो हवाहवाई माता के घर से बहार निकलते हैं तो देखते हैं कि सिटी ऑफ़ सेल्स टूट रहा हैं। प्रिंसेस और प्लेंटीमोन जल्दी से ज़ोंबी की तलाश में चले जाते हैं।


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Thursday, 7 September 2017

प्लेंटीमोन और चंडाल चौकड़ी



चंडाल चौकड़ी धरती पर प्रिंसेस को ढूंडने के लिए आती है। डिंगडिंग दो ग्रुप बनाता है - एक अपना, डिंगडोंग का तो दूसरा बबलू और बबली का। वो चारो प्रिंसेस को मारने के मकसद से आते हैं। धरती पर आकर वो सब इंसानों की दुनिया को बड़े गौर से भांपते हैं। डिंगडोंग को जोर की भूख लगती  है और वह भूख मिटाने के लिए बच्चो के खाने का सामान सफाचट कर देता है है। ये देखकर डिंगडिंग नाराज हो जाता है। वह डिंगडॉन्ग से कहता है कि उन्हें अपनी ताक़त किसी को दिखानी नहीं है। फिर वह दोनों प्रिंसेस को किसी डॉक्टर के पास जाते हुए देख लेते हैं। वो दोनों डॉक्टर और नर्स के कपड़े पहनकर बैठ जाते हैं। डिंगडिंग प्रिंसेस के लिए एक इंजेक्शन तैयार करता है लेकिन वह इंजेक्शन उन्हें नहीं मिलता।

वो दोनों उसे ढूंडने लगते है और प्लेंटीमोन की नजर उस पर पड़ जाती है। उस इंजेक्शन को पकड़ने के लिए डिंगडोंग जाता है पर वह गिर जाता है जिससे वह इंजेक्शन डिंगडिंग को लग जाता है। उनका प्लान फ़ैल हो जाता है। प्रिंसेस को मारने के लिए डिंगडिंग और डिंगडॉन्ग एक और योजना बनाते है। वह स्कूल के बाहर गुब्बारे बेचने वाले बनकर खड़े हो जाते हैं। वह एक बम वाला गुब्बारा प्रिंसेस को मारने के लिए छुपा लेते हैं।

डिंगडिंग डिंगडोंग को कहता है कि जब प्रिंसेस आएगी तो उसे पिंक गुब्बारा दे देना लेकिन डिंगडोंग उस पिंक गुब्बारे को किसी और बच्ची को दे देता है। जब प्रिंसेस आती है तो डिंगडिंग उस गुब्बारे के लिए डिंगडोंग को कहता है। डिंगडोंग बताता है की उसने वह गुब्बारा किसी और को दे दिया। फिर वह उस गुब्बारे को वापस लेने के लिए उसी बच्ची के पीछे भागता है। इसी बीच प्रिंसेस परेशान होकर बिना गुब्बारा लिए चली जाती है। जब डिंगडोंग वह गुब्बारा लाता है तो वह डिंगडिंग और उसके ऊपर ही फट जाता है।

डिंगडिंग और डिंगडोंग दोनों उनके पीछे उनके स्कूल तक चले जाते हैं। प्लेंटीमोन और प्रिंसेस दोनों ही स्कूल में किट्टीपाई के बारे में सोचते हैं। अचानक से सभी बच्चो के पेट में दर्द होने लगता है। सभी टॉयलेट की तरफ भागते हैं। प्लेंटीमोन और प्रिंसेस को भी दर्द उठता है। प्रिंसेस प्लेंटीमोन को बताती है कि ये किसी की सोची समझी साजिश है और दोनों का शक सिर्फ किट्टीपाई पर जाता है।

दोनों किट्टीपाई को ढूंडने जाते है लेकिन उन्हें चंडाल चौकड़ी घेर लेती है और उन चारो की प्रिंसेस और प्लेंटीमोन से लड़ाई होती है। अंत में प्लेंटीमोन और प्रिंसेस की जीत होती है। चांडाल चौकड़ी के जाने के बाद प्रिंसेस कहती है कि उन्हें पता लगाना होगा कि चांडाल चौकड़ी को किसने भेजा है और वे किसकी मदद से उनके पास आये हैं?
  


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Monday, 4 September 2017

पंचतंत्र की कहानी - कछुआ और हंस

एक घने जंगल में एक कछुआ और दो हंस रहते थे| तीनों ही गहरे मित्र थे| तीनो का वक़्त एक-दुसरे के साथ खेलते और बात करते हुए कब बीत जाता, पता ही नहीं चलता था|

एक दिन कछुआ, हंसों से कहता है कि मित्र काश मैं भी तुम्हारी तरह उड़ पाता, काश मेरे भी पंख होते, तभी हंस भी उससे कहता है की काश हमारी पीठ पर भी तुम्हारी तरह ही कोई मजबूत ढाल होती तो हमें भी शिकारियों का सामना नहीं करना पड़ता और हम आराम से उड़ सकते थे|

एक बार जंगल में आकाल पड़ गया और जंगल के सभी जानवर वहां से जाने लगे| इसलिए हंसों ने भी सोचा कि वो भी वहां से चले जाएंगे| ये बात वो कछूए को बताने के लिए उसके पास जाते हैं और उससे कहते हैं, कि हम जंगल छोड़ कर जा रहे हैं तुम अपना ख्याल रखना|


कछुआ उनकी ये बात सुनकर रोने लगता है और उनसे कहता है कि मित्रों तुमने मुझसे ये बात कहकर मुझे बहुत दुखी किया है| मैं अकाल में तो रह सकता हूँ लेकिन अकेलेपन का शिकार नहीं बन सकता, इस दुनिया में मेरा तुम्हारे सिवाए है ही कौन? अगर तुम साथ होते तो कितना मजा आता और वो कछुआ उनको ये बात कहकर रोने लगता है|

हंस भी उसकी ये बात सुनकर रोने लगते हैं और उससे कहते हैं, तुम्ही बताओ मित्र हम क्या करे? अगर हम इस जंगल में रहे तो हम जीवित नहीं रह पाएंगे| अगर हम यहाँ से जाते हैं तो तुम्हे छोड़कर जाना होगा | अगर तुम्हे भी उड़ना आता तो हम तुम्हे अपने साथ ले चलते, पर शायद हमारा भाग्य यही चाहता है कि हम एक दुसरे से बिछड़ जाएँ| यह सुनकर कछूए के दिमाग में एक तरकीब आती है और वो कहता है मित्रो मैं भले ही तुम्हारी तरह न उड़ सकूं लेकिन तुम्हारे साथ तो उड़ सकता हूँ| तुम एक लकड़ी के दोनों किनारों को अपनी- अपनी चौंच में पकड लेना और मैं उसे बीच में से अपने मुंह से पकड़ लेता हूँ|

कछुआ जल्दी ही एक लकड़ी लेकर आता है और उसे हंसों को पकड़ाता है| उसके बाद वो दोनों हंस उसके छोर को पकड़ लेते हैं और फिर कछुआ उस लकड़ी को बीच में से पकड़ लेता है| जिससे वो तीनों एक साथ उस जंगल को छोड़ दुसरे जंगल कि ओर चले जाते हैं|

रास्ते में एक गाँव आता है और उस गाँव में कुछ आदमी उड़ते हुए कछुए को देखकर हैरान हो जाते हैं कि, तभी उनमे से एक आदमी कहता है लगता है ये हंस एक मरे हुए कछुए को ले जा रहे हैं और फिर ये सुनते ही वो कछुआ कुछ बोलने के लिए जैसे ही मुँह खोलता है , वह लकड़ी उसके मुँह से छुट जाती है और वो निचे गिर जाता है और उंचाई से गिरने पर उसकी मौत हो जाती है|

तो दोस्तों इस कहानी से हमें ये शिक्षा मिलती है कि हमें कभी भी आवेश में आकर नहीं बोलना चाहिए और खुद पर नियंत्रण रखना चाहिए!!


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